
गेहूँ की फसल में वृद्धि और फुटाव के लिए आवश्यक उर्वरक
गेहूँ की फसल में बेहतर वृद्धि और अधिक फुटाव के लिए सही समय पर उर्वरकों और सूक्ष्म पोषक तत्वों का उपयोग करना आवश्यक है।
गेहूँ की फसल में वृद्धि अवस्था
गेहूँ की फसल जब वृद्धि और विकास की अवस्था में होती है तब पौधों को पर्याप्त पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है। सही समय पर उर्वरकों का उपयोग करने से फसल की वृद्धि तेज होती है और अधिक उत्पादन प्राप्त होता है।
वृद्धि के लिए उर्वरक प्रबंधन
गेहूँ के पौधों की वानस्पतिक वृद्धि के लिए पानी में घुलनशील उर्वरक 19:19:19 @ 75 ग्राम तथा सूक्ष्म पोषक तत्व @ 15 ग्राम प्रति पंप के हिसाब से छिड़काव करना चाहिए।
सल्फर और जिंक का महत्व
मिट्टी में सल्फर और जिंक की उपलब्धता फसल की वृद्धि और फुटाव के लिए आवश्यक होती है। इसके लिए टेक्नो जेड (सल्फर 67% + जिंक 14%) @ 4 किलोग्राम प्रति एकड़ मिट्टी में देना लाभकारी होता है।
ह्यूमिक एसिड का उपयोग
यदि गेहूँ की फसल लगभग 60 दिनों के अंदर की है तो ह्यूमिक एसिड 95% @ 250 ग्राम को यूरिया के साथ मिलाकर सिंचाई से पहले देना चाहिए। इससे जड़ों का विकास बेहतर होता है और पौधों की वृद्धि तेज होती है।
सामान्य प्रश्न
गेहूँ की फसल में फुटाव बढ़ाने के लिए कौन सा उर्वरक उपयोगी है?
19:19:19 उर्वरक, सूक्ष्म पोषक तत्व, सल्फर और जिंक का उपयोग करने से गेहूँ की फसल में फुटाव बेहतर होता है।
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