चिपचिपे जाल को फ़सल के चारों ओर लगाने से फायदे!

/media/tips/images/strick-trap-tips-khetiwadi.jpg
फसलों में अनेक प्रकार के रस चूसने वाले कीटों का प्रभाव देखा जाता है, जिसे रोकने के लिए किसान तरह-तरह के कीटनाशको का उपयोग करते हैं, जिससे पर्यावरण और फसल दोनों को नुकसान पहुँचता है। ऐसी परिस्तिथि में चिपचिपे जाल के उपयोग से फसलों में रस चूसक कीटों द्वारा होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। केमिकल युक्त कीटनाशकों से कीट प्रभाव की रोकथाम में बहुत सी मुसीबतें सामने आती हैं, जिसमें सबसे महत्वपूर्ण कृषि पर्यावरण को कई प्रकार के नुकसान होते हैं। केमिकल युक्त कीटनाशकों के उपयोग के बजाय अगर किसान स्टिकी ट्रैप का उपयोग करे तो वह इन सभी समस्याओं से बच सकते हैं। चिपचिपे जाल एक प्रकार की रंगीन शीट होती हैं जो कई अलग अलग रंगो में आती है, यह फसल को क्षति पहुंचाने वाले रस चूसक कीटों को अपनी ओर आकर्षित करने के लिए खेत में फ़सल के चारों ओर लगाई जाती है। जिससे फसलों पर नुक़सान करने वाले कीटों से फ़सल की सुरक्षा हो जाती है तथा इसे लगाने से खेत का मुआयना भी हो जाता है की फ़सल में किस -किस प्रकार के कीटों का प्रभाव चल रहा है। इसके साथ ही इसकी लागत का कम होना, इसे लगाना भी आसान है, लगाने में समय तथा मेहनत की बचत, नियंत्रण भी कीटनाशक से बेहतर, रस चूसक कीटों से फ़सल की सुरक्षा के कारण फसल की गुणवत्ता तथा उपज में बड़ोतरी। आख़िर किस प्रकार काम करता है स्टिकी ट्रैप सभी कीट किसी न किसी विशेष प्रकार के रंग की ओर आकर्षित होते है। अब अगर उसी को ध्यान में रखते हुए उसी रंग की स्टिकी ट्रैप की शीट पर कोई चिपचिपा पदार्थ उस पर लगाकर फसल की ऊंचाई से लगभग एक फीट ऊंचाई पर इसे लगा दिया जाए तो कीट उस रंग से आकर्षित होकर इस स्टिकी ट्रैप की शीट पर चिपक जाएँगे। फिर यह आपकी फसल को नुकसान नहीं पहुंचा पाएँगे । किसानों के लिए लाभ कीटों का समय पर पता लगाने के लिए। कीट प्रकोप के जोखिम को कम करने के लिए। हॉट स्पॉट की पहचान करने के लिए। छिड़काव के समय व्यवस्थित करने के लिए।

Analyze Mandi Bhav

Today Mandi Bhav

View More Agriculture Tips

लहसुन की फ़सल में निराई गुड़ाई तथा खरपतवार के नियंत्रण!

12.05 K

11 minutes ago

भारत में फसलों के भाव कैसे तय किये जाते है ?

3.96 K

14 minutes ago

सोयाबीन की फसल में अधिक फलियाँ प्राप्त करने हेतु!

6.09 K

23 minutes ago

प्रधानमंत्री कृषक सूर्य मित्र योजना 2025: किसानों के लिए सौर ऊर्जा से समृद्धि की राह

1.74 K

25 minutes ago

भावांतर भुगतान योजना 2025: सोयाबीन किसानों को मिलेगा MSP का पूरा लाभ

1.6 K

25 minutes ago

लहसुन की फसल में खाद एवं उर्वरकों का प्रबंधन!

13.62 K

45 minutes ago

लहसुन की खेती के लिए बीज दर एवं बुवाई का समय!

23.71 K

56 minutes ago

गेहूँ की फसल में वृद्धि एवं फुटाव के लिए जरुरी उर्वरक!

21.11 K

an hour ago

सोयाबीन की फ़सल के लिए उचित तैयारी

2.31 K

an hour ago

कसुरी मेथी क्या है, स्वास्थ्य के लिए इसका उपयोग

29.7 K

an hour ago

फसल चक्रण

2.02 K

an hour ago

डेयरी फार्म केसे शुरू करे

5.21 K

an hour ago

सोयाबीन की फसल में फूल एवं फलियों का गिरने से रोकना!

7.97 K

2 hours ago

मूंगफली का उत्पादन कैसे बढ़ाएं?

21.54 K

2 hours ago

लौकी की फसल में रस चूसक का प्रकोप!

5.25 K

2 hours ago

चने की दो नई क़िस्मों से अब होगा किसानों का फायदा ही फायदा !

20.02 K

2 hours ago

आधुनिक खेती , मॉडर्न फार्मिंग

2.91 K

2 hours ago

प्याज में कंदों के अच्छे विकास के लिए ये उपाय करें!

33.29 K

2 hours ago

मिट्टी गुणवत्ता परीक्षण के फ़ायदे

2.03 K

2 hours ago

सरकार द्वारा पशुपालन के लिए नवीनतम सब्सिडी कौन सी है?

2.38 K

3 hours ago

मिर्च की फसल में फूल की वृद्धि और फलों का विकास!

6.79 K

3 hours ago

सोयाबीन में इल्ली का संक्रमण !

5.1 K

3 hours ago

प्याज की फसल में बैंगनी धब्बा रोग का नियंत्रण!

5.56 K

4 hours ago

चने की फ़सल के लिए उचित मात्रा में खाद एवं उर्वरक प्रबंधन!

11.56 K

4 hours ago

संतरा में अधिक उत्पादन के लिए

6.89 K

4 hours ago

जामफल के बग़ीचे में खरपतवार की रोकथाम केसे करें

5.44 K

4 hours ago

प्याज के कन्दों के विकास के लिए महत्वपूर्ण सलाह!

21.46 K

4 hours ago

पॉलीहाउस या ग्रीनहाउस क्या होता ? क्या इसकी खेती करना आसन होता है?

2.12 K

4 hours ago

नवीनतम फसल कवर तकनीक क्या हैं?

5.15 K

4 hours ago

मूंग के पत्ते काले हो रहे हैं क्या कारण है ?

7.52 K

4 hours ago